पूर्वोत्तर में मोदी का 'रिपोर्ट कार्ड' बेहद खराब: कांग्रेस की असम इकाई के प्रमुख गौरव गोगोई
सुभाष पवनेश
- 20 Dec 2025, 10:30 PM
- Updated: 10:30 PM
माजुली (असम), 20 दिसंबर (भाषा) असम की कथित उपेक्षा करने को लेकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा कांग्रेस की आलोचना किये जाने के कुछ घंटों बाद, पार्टी के प्रदेश प्रमुख गौरव गोगोई ने शनिवार को पलटवार करते हुए दावा किया कि पूर्वोत्तर में प्रधानमंत्री का ‘रिपोर्ट कार्ड’ सभी क्षेत्रों में ‘‘बेहद खराब’’ रहा है।
लोकसभा में कांग्रेस के उपनेता गोगोई ने सत्तारूढ़ भाजपा पर प्रहार करते हुए कहा कि मौजूदा सरकार के शासनकाल में सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम एक-एक कर बंद हो रहे हैं।
इससे पहले दिन में, मोदी ने कांग्रेस पर उसके शासनकाल में असम और पूर्वोत्तर की उपेक्षा करने का आरोप लगाया और दावा किया कि भाजपा नीत सरकार दशकों से विपक्षी पार्टी द्वारा की गई गलतियों को सुधार रही है।
गोगोई ने यहां संवाददाताओं से कहा, ‘‘औद्योगिक विकास, बेरोजगारी के समाधान और रोजगार सृजन सहित लगभग हर क्षेत्र में प्रधानमंत्री मोदी का प्रदर्शन बेहद खराब रहा है।’’
गोगोई ने दावा किया कि पिछले 11 वर्षों में असम में सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम एक के बाद एक बंद होते गए।
उन्होंने कहा, ‘‘भले ही भाजपा जगीरोड स्थित सेमीकंडक्टर परियोजना का खूब प्रचार कर रही है, लेकिन इसे एक पेपर मिल को बंद करने के बाद स्थापित किया गया है। वास्तविक औद्योगिक विकास तब होता जब पेपर मिल चालू रहती और नयी परियोजना किसी अन्य स्थान पर स्थापित की जाती।’’
प्रधानमंत्री असम के दो दिवसीय दौरे पर हैं। वह रविवार को डिब्रूगढ़ जिले के नामरूप में 10,600 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले एक अमोनिया-यूरिया संयंत्र की आधारशिला रखेंगे।
इस पर टिप्पणी करते हुए गोगोई ने कहा, ‘‘नामरूप उर्वरक संयंत्र की दूसरी इकाई 2020 में बंद कर दी गई थी। चौथी इकाई को बहुत पहले ही चालू कर दिया जाना चाहिए था। 2014 में ही केंद्र सरकार ने असम के लोगों को चौथी इकाई के बारे में सपने दिखाए थे, लेकिन काम अब जाकर शुरू हुआ है।’’
उन्होंने कहा कि असम चाय निगम के चाय बागान एक- एक कर बेचे जा रहे हैं, जबकि राज्य भर में लगभग 8,000 सरकारी स्कूल बंद कर दिए गए हैं।
गोगोई ने आरोप लगाया, ‘‘फिलहाल, असम में मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा के कुछ करीबी लोगों को ही इसका फायदा मिल रहा है। दिसपुर से लेकर दिल्ली तक, भाजपा सरकार की नीति स्वदेशी और सार्वजनिक क्षेत्र के उद्योगों को बंद करना और सारा काम एक खास कॉरपोरेट घराने को सौंपना रही है, जिससे एकाधिकार स्थापित हो रहा है।’’
उन्होंने कहा कि इसके परिणामस्वरूप, राज्य और देश उस तरह की आर्थिक प्रगति से वंचित रह गए हैं जो जमीनी स्तर पर होनी चाहिए थी।
विश्व के सबसे बड़े नदी द्वीप माजुली में हो रहे कटाव के बारे में एक प्रश्न का उत्तर देते हुए, गोगोई ने कहा कि प्रधानमंत्री को वैष्णव संस्कृति के केंद्र को प्रभावित करने वाले इस मुद्दे पर गंभीरता से ध्यान देना चाहिए।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने एक 'श्वेत पत्र' जारी करने की मांग की, जिसमें यह बताया जाए कि भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार ने असम में बाढ़ और कटाव नियंत्रण के लिए कितनी धनराशि जारी की और अन्य राज्यों को कितनी धनराशि आवंटित की गई।
बांग्लादेश की हालिया राजनीतिक स्थिति पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए, गोगोई ने एक हिंदू युवक की क्रूर हत्या की कड़ी निंदा की, जिसे पीटकर मार डाला गया और फिर आग के हवाले कर दिया गया।
कांग्रेस सांसद ने दावा किया कि भूटान, म्यांमा, नेपाल, मालदीव और श्रीलंका, सभी पड़ोसी देश भारत से दूरी बनाते जा रहे हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘पहले इन देशों पर भारत का प्रभाव था। आज भारत का लगभग कोई प्रभाव नहीं है।’’
भाषा सुभाष