जुबली हिल्स उपचुनाव में जीत ने लोगों के प्रति हमारी जिम्मेदारी बढ़ा दी है : मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी
तान्या अविनाश
- 14 Nov 2025, 08:49 PM
- Updated: 08:49 PM
हैदराबाद, 14 नवंबर (भाषा) तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए रेवंत रेड्डी ने शुक्रवार को कहा कि जुबली हिल्स उपचुनाव में कांग्रेस पार्टी की जीत ने लोगों के प्रति राज्य सरकार की जिम्मेदारी को बढ़ा दिया है। साथ ही उन्होंने केंद्रीय मंत्री जी किशन रेड्डी और बीआरएस नेता केटी रामाराव पर सरकार की विकास पहल में बाधा डालने का आरोप लगाया।
मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि किशन रेड्डी ने केंद्र के पास लंबित परियोजनाओं को मंजूरी देने और धन जारी करने में "असहयोग" की नीति अपनाई है। उन्होंने कहा कि केंद्रीय मंत्री के साथ-साथ बीआरएस नेताओं रामाराव और टी हरीश राव को अपना रवैया बदलने की जरूरत है।
उन्होंने संवाददाताओं से कहा, "कांग्रेस ने (जुबली हिल्स में) 51 प्रतिशत वोट हासिल करके अभूतपूर्व जनसमर्थन हासिल किया। कांग्रेस को लगभग 51 प्रतिशत वोट मिले, मुख्य विपक्षी दल बीआरएस को 38 प्रतिशत और भाजपा को आठ प्रतिशत वोट मिले। लोगों ने पिछले दो वर्षों तक अवलोकन किया और यह फैसला दिया। इसलिए, हम यह जिम्मेदारी लेते हैं।"
उन्होंने कहा कि राज्य का 60-65 प्रतिशत राजस्व हैदराबाद से आता है। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार शहर के विकास, नागरिक सुविधाओं में सुधार और रोजगार तथा आजीविका के अवसरों को बढ़ावा देने के लिए योजनाएं बनाएगी।
उन्होंने उपचुनाव में कांग्रेस का समर्थन करने के लिए लोगों का धन्यवाद किया।
रेवंत रेड्डी ने जुबली हिल्स उपचुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार का समर्थन करने के लिए एआईएमआईएम अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी और उनके छोटे भाई अकबरुद्दीन ओवैसी का भी आभार व्यक्त किया।
मुख्यमंत्री के अनुसार, बीआरएस ने मूसी रिवरफ्रंट के पुनर्विकास सहित सरकार की पहल में बाधा डालने की कोशिश की है, जबकि किशन रेड्डी ने केंद्र से धन और अनुमोदन प्राप्त करने में "असहयोग" दृष्टिकोण अपनाया है।
मुख्यमंत्री ने कहा, "चाहे मेट्रो (रेल विस्तार) हो, मूसी (पुनर्विकास), गोदावरी जल की शहर में आपूर्ति हो या क्षेत्रीय रिंग रोड, किशन रेड्डी का रवैया पूरी तरह से असहयोगात्मक है।"
उन्होंने कहा कि यद्यपि किशन रेड्डी ने जुबली हिल्स में व्यापक प्रचार किया, लेकिन भाजपा उम्मीदवार को केवल 17,000 वोट मिले, जबकि केंद्रीय मंत्री को लोकसभा चुनाव में सिकंदराबाद से जीतते समय इस विधानसभा क्षेत्र में 65,000 वोट मिले थे।
उन्होंने दावा किया कि किशन रेड्डी को अपनी कार्यशैली बदलने की जरूरत है, जबकि रामाराव और हरीश राव को क्रमशः अपने ‘‘अहंकार और ईर्ष्या’’ को कम करने की जरूरत है।
भाषा तान्या