नीट-यूजी मामला: सीबीआई ने प्रश्नपत्र हल करने की आरोपी रिम्स की एमबीबीएस छात्रा को गिरफ्तार किया
शफीक दिलीप
- 19 Jul 2024, 07:49 PM
- Updated: 07:49 PM
नयी दिल्ली, 19 जुलाई (भाषा) सीबीआई ने शुक्रवार को रांची के राजेंद्र आयुर्विज्ञान संस्थान (रिम्स) के प्रथम वर्ष की एमबीबीएस छात्रा को कथित तौर पर ‘‘सॉल्वर मॉड्यूल’’ का हिस्सा होने के आरोप में गिरफ्तार किया। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि प्रश्नपत्र हल करने वाला ये गिरोह एक इंजीनियर के साथ मिलकर काम कर रहा था, जिसने नीट-यूजी प्रश्नपत्र चुराए थे।
अधिकारियों ने बताया कि केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने दो दिनों की विस्तृत पूछताछ के बाद सुरभि कुमारी को गिरफ्तार कर लिया।
उन्होंने बताया कि आरोप है कि कुमारी ‘सॉल्वर मॉड्यूल’ की पांचवीं सदस्य थी, जो पंकज कुमार द्वारा चुराए गए प्रश्नपत्र को हल करने के लिए पांच मई की सुबह नीट-यूजी परीक्षा के दिन हजारीबाग में मौजूद थी।
सीबीआई ने अब तक नीट-यूजी मामलों के सिलसिले में 16 लोगों को गिरफ्तार किया है।
झारखंड सरकार के अधीन स्वायत्त संस्थान रिम्स को पहले राजेंद्र मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (आरएमसीएच) के नाम से जाना जाता था। संस्थान के छात्रावास में रहने वाली छात्रा से इस सप्ताह की शुरुआत में सीबीआई ने पूछताछ के लिए संपर्क किया था।
इससे पहले दिन में, रिम्स के जनसंपर्क अधिकारी राजीव रंजन ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया, ‘‘सीबीआई की टीम प्रथम वर्ष की छात्रा से पूछताछ कर रही है। टीम ने बुधवार को अस्पताल प्रबंधन से संपर्क कर कहा कि वे उससे नीट पेपर लीक के सिलसिले में पूछताछ करना चाहते हैं। प्रबंधन ने टीम को पूरा सहयोग दिया। बृहस्पतिवार को भी उन्होंने उससे पूछताछ की और कहा कि आगे भी पूछताछ की जाएगी।’’
अधिकारी ने बताया कि छात्रा के माता-पिता ने प्रबंधन से संपर्क किया है और उन्हें स्थिति से अवगत करा दिया गया है।
बृहस्पतिवार को सीबीआई ने नीट-यूजी प्रश्नपत्र लीक मामले में ‘सॉल्वर मॉड्यूल’ का हिस्सा रहे एम्स पटना के चार एमबीबीएस छात्रों को गिरफ्तार किया था। अदालत ने इन चारों को चार दिन की सीबीआई हिरासत में भेज दिया था।
सूत्रों के अनुसार, इन पांच सदस्यों को प्रश्नपत्र हल करने का काम सौंपा गया था, ताकि गिरोह की सेवाएं लेने वाले नीट अभ्यर्थियों को उत्तर कुंजी उपलब्ध कराई जा सके।
इस साल पांच मई को 571 शहरों के 4,750 केंद्रों पर नीट-यूजी परीक्षा आयोजित की गई थी, जिसमें 23 लाख से ज़्यादा परीक्षार्थी शामिल हुए थे।
भाषा
शफीक