अन्नाद्रमुक कल विश्वास प्रस्ताव के खिलाफ मतदान करेगी: अग्री एसएस कृष्णमूर्ति
दिलीप
- 12 May 2026, 07:53 PM
- Updated: 07:53 PM
चेन्नई, 12 मई (भाषा) ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मुन्नेत्र कषगम (अन्नाद्रमुक) ने 13 मई को प्रस्तावित विश्वास प्रस्ताव के खिलाफ मतदान करने का फैसला किया है। पार्टी के वरिष्ठ नेता अग्री एस एस कृष्णमूर्ति ने चेन्नई में मंगलवार को यह जानकारी दी।
उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि संभावित 'क्रॉस वोटिंग' पर कानूनी परिणाम का सामना करना होगा।
ओ एस मणियन और ई के पलानीस्वामी समर्थक गुट के अन्य विधायकों के साथ कृष्णमूर्ति ने संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि यह निर्णय पार्टी के महासचिव द्वारा लिया गया है।
कृष्णमूर्ति ने कहा, ''महासचिव ने फैसला किया है कि अन्नाद्रमुक कल विश्वास प्रस्ताव के खिलाफ मतदान करेगी।''
उन्होंने कहा कि सभी पार्टी विधायकों को औपचारिक रूप से निर्देश का पालन करने के लिए कहा गया है।
संभावित 'क्रॉस-वोटिंग' या प्रस्ताव के लिए समर्थन जुटाने के उद्देश्य से किसी भी ''नाटकीय घटनाक्रम'' के बारे में पूछे गए सवालों का जवाब देते हुए नेता ने कानूनी परिणामों की कड़ी चेतावनी दी।
उन्होंने कहा, ''कानूनी कार्रवाई की जाएगी।'' उन्होंने विशेष रूप से इस बात का उल्लेख किया कि यदि आवश्यक हुआ तो दलबदल विरोधी कानून के तहत कार्यवाही शुरू की जाएगी।
इस बीच, मणियन ने पार्टी में फूट की खबरों को खारिज करते हुए कहा कि अन्नाद्रमुक पलानीस्वामी के नेतृत्व में एकजुट है।
उन्होंने बताया कि 47 विधायकों ने पहले ही विधानसभा अध्यक्ष को हस्ताक्षरित दस्तावेज सौंपकर पलानीस्वामी को विधायक दल का नेता घोषित कर दिया है।
नेता ने स्पष्ट किया कि पार्टी के भीतर ऐसे रणनीतिक निर्णय लेने का संवैधानिक अधिकार केवल महासचिव के पास है और उन्होंने अन्य गुटों के विरोधाभासी बयानों को ''पदों के भूखे'' लोगों द्वारा बदनामी के इरादे से फैलाई गई बात कहकर खारिज कर दिया।
पार्टी में मौजूदा आंतरिक संकट पलानीस्वामी के नेतृत्व वाले आधिकारिक नेतृत्व और वरिष्ठ नेताओं सी. वी. षणमुगम और एस. पी. वेलुमणि के नेतृत्व वाले विद्रोही गुट के बीच गहरे मतभेद के रूप में सामने आया है।
बागी गुट ने वेलुमणि को अन्नाद्रमुक विधायक दल का नेता नियुक्त करने की मांग की है। उसने तमिलगा वेत्री कषगम (टीवीके) को अपना समर्थन भी दिया है, जो 108 सीट के साथ सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है।
तमिलनाडु विधानसभा के नव निर्वाचित विधानसभा अध्यक्ष जे सी डी प्रभाकर ने पलानीस्वामी के बाद वेलुमणि को बोलने की अनुमति दी थी।
मुख्यमंत्री सी जोसेफ विजय ने भी मंगलवार को षणमुगम के आवास पर उनसे मुलाकात की थी।
भाषा सुरभि दिलीप
दिलीप
1205 1953 चेन्नई