सनराइजर्स हैदराबाद ने सीएसके को 10 रन से हराया
नमिता
- 18 Apr 2026, 11:51 PM
- Updated: 11:51 PM
हैदराबाद, 18 अप्रैल (भाषा) सनराइजर्स हैदराबाद ने अभिषेक शर्मा और हेनरिक क्लासेन के अर्धशतक के बाद शानदार गेंदबाजी के बूते शनिवार को यहां इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) टी20 मैच में चेन्नई सुपर किंग्स (सीएसके) को 10 रन से शिकस्त देकर लगातार तीसरी जीत दर्ज की।
सलामी बल्लेबाज अभिषेक (59 रन) की शानदार शुरूआत के बावजूद सनराइजर्स हैदराबाद की टीम बल्लेबाजी का न्योता मिलने के बाद तेज गेंदबाज जेमी ओवरटन (तीन विकेट) और अंशुल कंबोज (तीन विकेट) की धारदार गेंदबाजी के सामने नौ विकेट पर 194 रन ही बना सकी।
अभिषेक और हेनरिक क्लासेन (59 रन) के अर्धशतकों को छोड़ दें तो सनराइजर्स हैदराबाद की बल्लेबाजी इकाई ने सीएसके के गेंदबाजों के सामने घुटने टेक दिए।
यह स्कोर चुनौतीपूर्ण नहीं लग रहा था लेकिन मेजबान टीम के गेंदबाजों के सामने सीएसके जवाब में 20 ओवर में आठ विकेट पर 184 रन ही बना सकी और उसे चौथी हार का मुंह देखना पड़ा। उसके लिए मैथ्यू शॉर्ट 34 रन बनाकर शीर्ष स्कोरर रहे।
सनराइजर्स हैदराबाद की टीम छह अंक लेकर तालिका में चौथे स्थान पर पहुंच गई।
सीएसके को अंतिम छह गेंद में 18 रन बनाने थे। लेकिन जैमी ओवरटन (16 रन) का विकेट गिरने से टीम इसमें सात रन ही बना सकी।
सनराइजर्स हैदराबाद के लिए इशान मलिंगा ने 29 रन देकर तीन विकेट झटके जबकि नीतिश कुमार रेड्डी ने 31 रन देकर दो विकेट प्राप्त किए। प्रफुल हिंगे, साकिब हुसैन और शिवांग कुमार को एक एक विकेट मिला।
लक्ष्य का पीछा करने उतरी सीएसके को पहला झटका दूसरे ओवर में संजू सैमसन (07) के आउट होने से लगा जो नीतिश कुमार की गेंद पर हेनरिक क्लासेन के हाथों लपके गए।
पर आयुष म्हात्रे और कप्तान रुतुराज गायकवाड़ ने तेजी से रन जुटाते हुए टीम को अच्छी शुरूआत कराई। इन दोनों ने 21 गेंद में अर्धशतकीय साझेदारी निभा ली थी। लेकिन अचानक एक रन लेते हुए म्हात्रे के पैर की मांसपेशियों में खिंचाव आ गया और उपचार लेने के बावजूद उन्हें परेशानी हो रही थी। और आखिर में नीतिश कुमार ने उनकी 13 गेंद में 30 रन की पारी का अंत किया जब क्लासेन ने हवा में छलांग लगाकर उनका जबरदस्त कैप लपका।
सीएसके ने 66 रन के स्कोर पर म्हात्रे और गायकवाड़ के विकेट गंवाए। गायकवाड़ (19 रन) ईशान मलिंगा की गेंद पर विकेटकीपर के हाथों लपके गए।
मलिंगा ने सरफराज खान (25 रन) के रूप में अपना दूसरा विकेट लिया। डेवाल्ड ब्रेविस खाता भी नहीं खोल सके और शिवांग कुमार की गेंद पर लिविंगस्टन के हाथों कैच आउट हुए।
लग रहा था कि शॉर्ट (34 रन) और शिवम दुबे (21) अच्छी भागीदारी निभाकर टीम को जीत के करीब पहुंचा देंगे। पर मलिंगा की गेंद पर अनिकेत शर्मा ने डीप मिडविकेट पर शॉर्ट का शानदार कैच लपका। सीएसके ने 16वें ओवर में 148 रन पर अपना छठा विकेट खो दिया।
गेंदबाजों ने दबाव बनाते हुए दुबे को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया। 17वें ओवर में दुबे भी साकिब हुसैन की गेंद पर बोल्ड होकर आउट हो गए।
गायकवाड़ ने टॉस जीतकर गेंदबाजी करने का फैसला किया। अभिषेक (22 गेंद) ने 15 गेंद में अपना एक और अर्धशतक पूरा जिससे लग रहा था कि गायकवाड़ का फैसला उल्टा पड़ गया है।
लेकिन आमतौर पर थोड़े महंगे साबित होने वाले बाएं हाथ के तेज गेंदबाज मुकेश चौधरी (दो ओवर में 21 रन देकर दो विकेट) ने पावरप्ले की आखिरी दो गेंदों पर ट्रेविस हेड (20 गेंद में 23 रन) और कप्तान ईशान किशन (शून्य) को आउट कर करारे झटके दिए।
सनराइजर्स हैदराबाद का स्कोर 5.4 ओवर में बिना किसी नुकसान के 75 रन से अचानक छह ओवर के बाद दो विकेट पर 75 रन हो गया।
सीएसके को इसी मौके की तलाश थी। पावरप्ले के बाद के ओवर सनराइजर्स हैदराबाद के के बल्लेबाजों के लिए काफी मुश्किल भरे रहे जिसमें सिर्फ क्लासेन (39 गेंद) ने अपना एक और अर्धशतक पूरा कर टीम का स्कोर 200 के करीब पहुंचाने में मदद की।
ओवरटन (37 रन देकर तीन विकेट) और कंबोज (22 रन देकर तीन विकेट) ने बीच के और आखिरी ओवरों में शानदार गेंदबाजी करते हुए मेजबान टीम पर पूरी तरह से नकेल कसकर रखी।
सनराइजर्स हैदराबाद ने साढ़े चार ओवरों के अंदर अपने चार विकेट नहीं गंवाए होते तो वे आसानी से 225 से 230 रन बना सकते थे।
दस ओवर के बाद टीम का स्कोर चार विकेट पर 112 रन हो गया।
विकेटकीपर बल्लेबाज संजू सैमसन की क्रिकेट सूझबूझ भी टीम के काम आई। उन्होंने ओवरटन की एक शॉर्ट गेंद पर अभिषेक के खिलाफ रिव्यू की अपील की जो मैच का रुख बदलने वाले फैसलों से एक साबित हुआ।
सीएसके के लिए ओवरटन की लेंथ और नूर अहमद (चार ओवर में 33 रन देकर कोई विकेट नहीं) की गेंदबाजी ने क्लासेन और दूसरे बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया।
नीतीश कुमार रेड्डी (12) जैसे भारतीय बल्लेबाज तथा अनकैप्ड खिलाड़ी जैसे अनिकेत वर्मा और सलिल अरोड़ा रन गति नहीं बढ़ा पाए जिससे सारा दबाव क्लासेन पर आ गया।
कंबोज की जितनी भी तारीफ की जाए कम है, वह अब 'राउंड द विकेट' से तेज वाइड यॉर्कर फेंकने में माहिर हो गए हैं और इसी तरह की एक गेंद पर क्लासेन बोल्ड हो गए।
गुरजपनीत सिंह ने भी 12 डॉट गेंदें फेंकीं जिससे मेजबान टीम की मुश्किलें और बढ़ गईं। आखिरी पांच ओवरों में सनराइजर्स हैदराबाद की टीम सिर्फ 40 रन ही बना पाई।
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