किसी पर पिस्तौल तानने मात्र से जान से मारने का इरादा साबित नहीं होता: दिल्ली की अदालत

किसी पर पिस्तौल तानने मात्र से जान से मारने का इरादा साबित नहीं होता: दिल्ली की अदालत