सिख गुरु विवाद: विस अध्यक्ष ने वीडियो की फॉरेंसिक जांच के आदेश दिए, मामला विशेषाधिकार समिति को भेजा
यासिर वैभव
- 08 Jan 2026, 11:03 PM
- Updated: 11:03 PM
नयी दिल्ली, आठ जनवरी (भाषा) दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने बृहस्पतिवार को विपक्ष की नेता आतिशी के गुरु तेग बहादुर के कथित अपमान वाले एक वीडियो की फॉरेंसिक जांच के निर्देश दिए और मामले को विशेषाधिकार समिति के पास भेज दिया।
विधानसभा का शीतकालीन सत्र लगातार दूसरे दिन भी ठप रहा क्योंकि भाजपा विधायक विपक्ष की नेता आतिशी के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए आसन के समीप आ गए।
विपक्षी आम आदमी पार्टी के विधायकों ने भी नारे लगाते हुए और पोस्टर लहराते हुए विरोध प्रदर्शन किया।
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के विधायकों ने मंगलवार को आरोप लगाया कि आतिशी ने पिछले वर्ष नवंबर में दिल्ली सरकार द्वारा गुरु तेग बहादुर के 350वें शहादत दिवस के सिलसिले में आयोजित एक कार्यक्रम को लेकर हुई विशेष चर्चा के बाद उनके खिलाफ असंवेदनशील टिप्पणी की थी।
गुप्ता ने कहा कि सत्तारूढ़ पार्टी और विपक्षी आम आदमी पार्टी (आप) दोनों के सदस्यों की मांग के बाद अब वीडियो को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा जाएगा।
उन्होंने फॉरेंसिक जांच रिपोर्ट को 15 दिनों के भीतर प्रस्तुत करने का आदेश दिया।
दिल्ली विधानसभा सचिवालय के एक बयान में कहा गया है, ‘‘विपक्ष की नेता द्वारा सिख गुरुओं के संबंध में कथित तौर पर की गई टिप्पणियों से संबंधित मामले को अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने जांच और रिपोर्ट के लिए विशेषाधिकार समिति को भेज दिया है।’’
विरोध प्रदर्शनों के बीच बृहस्पतिवार को अध्यक्ष ने सदन को पूरे दिन के लिए स्थगित कर दिया। बुधवार को भी सदन की कार्यवाही स्थगित कर दी गई थी।
सदन की बैठक को भारत के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (कैग) की रिपोर्ट पेश करने, सदन में उपराज्यपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव, जन विश्वास विधेयक पेश करने और विनियोग विधेयक पेश करने सहित महत्वपूर्ण कार्य पूरा करने के लिए बढ़ा दिया गया है।
संसदीय कार्य मंत्री परवेश वर्मा ने विशेषाधिकार समिति द्वारा मामले की जांच को समयबद्ध तरीके से पूरा करने की मांग की।
आतिशी ने अपने ऊपर लगे आरोप को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि वह प्रदूषण पर चर्चा से भाजपा के भागने और आवारा कुत्तों के मुद्दे पर विधानसभा में उनके विरोध प्रदर्शन के बारे में बात कर रही थीं। उन्होंने भाजपा नेताओं द्वारा साझा किए गए वीडियो का जिक्र करते हुए कहा था, ‘‘लेकिन भाजपा ने जानबूझकर एक गलत उपशीर्षक जोड़ा और उसमें गुरु तेग बहादुर जी का नाम डाल दिया।’’
भाषा यासिर