पलानीस्वामी ने शाह से मुलाकात कर तमिलनाडु की मौजूदा राजनीतिक स्थिति पर चर्चा की
यासिर सुरेश
- 08 Jan 2026, 09:56 PM
- Updated: 09:56 PM
दिल्ली/चेन्नई, आठ जनवरी (भाषा) ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कषगम (अन्नाद्रमुक) के महासचिव एडप्पाडी के. पलानीस्वामी ने बृहस्पतिवार को कहा कि उन्होंने नई दिल्ली में केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से मुलाकात कर तमिलनाडु की मौजूदा राजनीतिक स्थिति पर चर्चा की।
पलानीस्वामी ने कहा कि उनकी मुलाकात में गठबंधन से संबंधित कोई बात नहीं हुई।
अन्नाद्रमुक के शीर्ष नेता ने पार्टी से निष्कासित नेताओं वीके शशिकला और ओ. पन्नीरसेल्वम को वापस लेने की किसी भी संभावना को स्पष्ट रूप से खारिज कर दिया।
उन्होंने कहा कि वह फिलहाल इस साल मार्च-अप्रैल में होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) को मजबूत करने के प्रयासों में लगे हुए हैं।
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि रविवार को तमिलनाडु के पुदुक्कोट्टई दौरे के दौरान शाह से मुलाकात न हो पाने के कारण वह सात जनवरी की रात को उनके (शाह के) दिल्ली आवास पर उनसे मिलने गए थे।
उन्होंने नई दिल्ली हवाई अड्डे पर पत्रकारों से कहा, “सलेम और कल्लकुरुची में मेरे पहले से ही कुछ कार्यक्रम तय थे, इसलिए मैं उनसे (शाह से) मिल नहीं सका। इसलिए मैं दिल्ली आकर उनसे मिला।”
पलानीस्वामी और शाह की मुलाकात उसी दिन हुई, जब तमिलनाडु में पीएमके का डॉ. अंबुमणि रामदास गुट अन्नाद्रमुक के नेतृत्व वाले राजग में शामिल हो गया।
अन्नाद्रमुक नेता ने कहा था कि आने वाले महीनों में अन्य पार्टियां भी राजग में शामिल होंगी।
भाजपा इस गठबंधन का दूसरा घटक दल है।
पलानीस्वामी ने जोर देकर कहा कि शाह के साथ मुलाकात के दौरान दोनों नेताओं ने तमिलनाडु की मौजूदा राजनीतिक स्थिति पर चर्चा की, न कि गठबंधन या सीट बंटवारे पर।
अमित शाह द्वारा अन्नाद्रमुक के आंतरिक मामलों में दखल नहीं देने के बयान पर पलानीस्वामी ने इस बात पर हैरानी जताई कि मीडिया निष्कासित नेताओं को वापस लेने का मुद्दा क्यों उठा रहा है, जबकि उन्होंने कई बार स्पष्ट कर दिया है कि शशिकला और पन्नीरसेल्वम का उनके नेतृत्व वाली पार्टी में कोई स्थान नहीं है। पलानीस्वामी ने कहा, “छोड़िए इसे। आप इस पर इतना जोर क्यों दे रहे हैं?”
अम्मा मक्कल मुनेत्र कषगम (एएमएमके) नेता टी. टी. वी. दिनाकरन के राजग में वापसी की संभावनाओं के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने जवाब दिया, ‘‘कुछ पार्टियों से उन्हें गठबंधन में शामिल करने के लिए बातचीत चल रही है। जैसे ही बात पक्की हो जाएगी, हम आपको सूचित करेंगे, ठीक वैसे ही जैसे हमने कल आपको पीएमके के हमारे गठबंधन में शामिल होने के बारे में सूचित किया था।’’
दिनाकरन, इसके निष्कासित नेताओं में से एक हैं।
उन्होंने कहा कि फिलहाल अन्नाद्रमुक, गठबंधन को मजबूत करने के प्रयासों में लगी हुई है, जिसका एकमात्र उद्देश्य चुनावों में सत्तारूढ़ द्रमुक को हराना है।
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन के इस दावे की आलोचना करते हुए कि अन्नाद्रमुक राज्य में भाजपा सरकार के लिए रास्ता बनाने की कोशिश कर रही है, पलानीस्वामी ने टिप्पणी की कि शायद मुख्यमंत्री को यह पता नहीं था कि राज्य में गठबंधन का नेतृत्व अन्नाद्रमुक ही कर रही है।
भाषा यासिर