बंगाल में मतदान के दौरान हिंसा की छिटपुट घटनाएं, भाजपा नेता दिलीप घोष के काफिले पर हमला
प्रीति नेत्रपाल
- 13 May 2024, 04:12 PM
- Updated: 04:12 PM
(तस्वीर के साथ)
कोलकाता, 13 मई (भाषा) लोकसभा चुनाव के चौथे चरण में पश्चिम बंगाल की आठ लोकसभा सीट पर जारी मतदान के दौरान हिंसा की छिटपुट घटनाएं हुईं। हिंसा प्रभावित बीरभूम और बर्धमान-दुर्गापुर निर्वाचन क्षेत्रों के विभिन्न हिस्सों में तृणमूल कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के कार्यकर्ताओं के बीच झड़प हुई।
निर्वाचन आयोग ने दावा किया कि सभी क्षेत्रों में शांतिपूर्ण तरीके से मतदान जारी है। इसने बताया कि विभिन्न राजनीतिक दलों ने ‘इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन’ (ईवीएम) में खराबी और एजेंटों को मतदान केंद्रों में प्रवेश करने से रोकने के आरोप में अब तक 1,088 शिकायतें दर्ज कराई हैं।
बर्धमान-दुर्गापुर लोकसभा सीट के सुसुनिया क्षेत्र में दोपहर के समय तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) और भाजपा समर्थकों के बीच उस दौरान झड़प हो गई जब भाजपा उम्मीदवार दिलीप घोष मतदान केंद्र पर गड़बड़ी होने की शिकायत मिलने के बाद एक चुनाव बूथ पर जा रहे थे।
तृणमूल कांग्रेस के समर्थकों ने घोष के काफिले को रोक दिया और उनके वाहन के सामने प्रदर्शन करने लगे।
सूत्रों ने दावा किया कि उनके काफिले पर पथराव किया गया, जिससे घोष के काफिले के पीछे चल रहे सुरक्षाकर्मियों की कुछ कार क्षतिग्रस्त हो गईं। उन्होंने कहा कि तृणमूल कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने घोष के साथ धक्का-मुक्की भी की।
घोष ने संवाददाताओं से कहा, ''पुलिस सिर्फ मूकदर्शक बनी हुई है। टीएमसी ने आतंक फैला रखा है। सुबह से ही टीएमसी के गुंडे हमारे मतदान एजेंटों के साथ मारपीट कर रहे हैं और वे मतदान को स्वतंत्र एवं निष्पक्ष रूप से नहीं होने दे रहे।”
तृणमूल कांग्रेस ने भाजपा के इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए दावा किया कि घोष ‘‘हार को भांपते हुए माहौल खराब करने की कोशिश कर रहे हैं।''
इसी सीट के दुर्गापुर क्षेत्र में तृणमूल कांग्रेस और भाजपा समर्थकों के बीच झड़प हो गई, जिसके बाद भाजपा कार्यकर्ताओं ने धरना दिया।
बीरभूम लोकसभा सीट पर भाजपा के चुनाव एजेंटों को मतदान केंद्रों में प्रवेश करने से कथित तौर पर रोके जाने के बाद नानूर में भाजपा कार्यकर्ताओं की तृणमूल कांग्रेस के कार्यकर्ताओं से झड़प हो गई।
कृष्णानगर लोकसभा सीट के छपरा इलाके में तब तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई जब तृणमूल कार्यकर्ताओं ने भाजपा कार्यकर्ताओं के साथ कथित तौर पर मारपीट की।
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