सभापति से दोनों पक्षों के साथ न्याय करने की अपेक्षा : खरगे ने रास में कहा
मनीषा वैभव
- 01 Dec 2025, 12:59 PM
- Updated: 12:59 PM
नयी दिल्ली, एक दिसंबर (भाषा) राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे ने, संसद के शीतकालीन सत्र के पहले दिन सोमवार को उपराष्ट्रपति और उच्च सदन के सभापति सी. पी. राधाकृष्णन को आश्वस्त किया कि कांग्रेस पार्टी सदन में कार्यवाही के सुचारू संचालन में पूरा सहयोग देगी। साथ ही खरगे ने सभापति से दोनों पक्षों के साथ न्याय करने की अपेक्षा भी जताई।
राज्यसभा में राधाकृष्णन को सभापति के रूप में उनके पहले सत्र के पहले दिन बधाई देते हुए खरगे ने उनके पूर्ववर्ती उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ का भी उल्लेख किया, जिस पर सत्तापक्ष के सदस्यों ने विरोध जताया।
विपक्षी दलों की ओर से सभापति का स्वागत करते हुए खरगे ने कहा कि कांग्रेस “संवैधानिक मूल्यों और सदन की प्रतिष्ठित परंपराओं” के साथ दृढ़ता से खड़ी है और कार्यवाही के संचालन में पूर्ण सहयोग देगी।
उन्होंने कहा, “सदन की कार्यवाही का निष्पक्ष संचालन तथा सभी दलों के सदस्यों को समान अवसर प्रदान करना इस पद की विश्वसनीयता के लिए आवश्यक है।”
खरगे ने धनखड़ का जिक्र करते हुए कहा कि पूर्व उपराष्ट्रपति ने 21 जुलाई को स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए अपने पद से इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने कहा, “मुझे आपके पूर्ववर्ती के अचानक और अप्रत्याशित रूप से पद छोड़ने का उल्लेख करना पड़ रहा है…। मुझे निराशा है कि सदन को उन्हें विदाई देने का अवसर नहीं मिला।”
उनकी इस बात पर सत्तापक्ष के सदस्यों ने विरोध जताया। सदन के नेता जे पी नड्डा ने कहा कि अगर अप्रासंगिक बातें की जाएंगी तो विपक्ष को यह भी याद होना चाहिए कि उसने पूर्व उप राष्ट्रपति को कैसे अपमानित किया था और उनके खिलाफ दो-दो बार अविश्वास प्रस्ताव भी विपक्ष ही लाया था।
संसदीय कार्य मंत्री किरेन रीजीजू ने इस “गंभीर अवसर” पर धनखड़ के इस्तीफे का उल्लेख करने को लेकर विपक्ष के नेता की आलोचना की। रीजीजू ने कहा, “माननीय नेता प्रतिपक्ष ने ऐसी बात क्यों उठाई जिसकी इस समय कोई आवश्यकता नहीं थी…।”
खरगे ने सभापति से अपेक्षा जताई कि वह सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच संतुलन बनाए रखेंगे। उन्होंने कहा, “यदि आप दोनों पक्षों के बीच संतुलन रखेंगे तो बेहतर रहेगा। मैं आपको सफल कार्यकाल की शुभकामनाएं देता हूं।”
भाषा मनीषा