बंगाल में दसवीं कक्षा की बोर्ड परीक्षा में 86 प्रतिशत से अधिक विद्यार्थी पास हुए
खारी मनीषा
- 02 May 2025, 01:22 PM
- Updated: 01:22 PM
कोलकाता, दो मई (भाषा) पश्चिम बंगाल माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (डब्ल्यूबीबीएसई) ने शुक्रवार की सुबह 10वीं कक्षा का परिणाम घोषित किया जिसमें 9,69,425 विद्यार्थियों में से 86.57 प्रतिशत उत्तीर्ण हुए।
डब्ल्यूबीबीएसई के अध्यक्ष रामानुज गांगुली ने यहां संवाददाताओं को बताया कि सफल परीक्षार्थियों के उच्चतम प्रतिशत वाले शीर्ष तीन जिलों में पूर्व मेदिनीपुर, कलिम्पोंग और कोलकाता शामिल हैं। शीर्ष 10 पर 66 विद्यार्थी हैं।
उत्तर दिनाजपुर जिले के रायगंज कोरोनेशन हाई स्कूल के अदृत सरकार ने 696 अंक (99.43 प्रतिशत) के साथ शीर्ष स्थान हासिल किया।
अनुभव विश्वास और सौम्य पाल 694 अंकों के साथ दूसरे स्थान पर रहे। विश्वास मालदा के विवेकानंद विद्यामंदिर का छात्र है, जबकि पाल ने बांकुड़ा के विष्णुपुर हाई स्कूल से पढ़ाई की।
डब्ल्यूबीबीएसई ने कहा कि बांकुड़ा के कोतुलपुर सरोजवासिनी स्कूल की इशानी चक्रवर्ती ने 693 अंकों के साथ तीसरा स्थान हासिल किया।
चक्रवर्ती इस साल की दसवीं की परीक्षा में बालिकाओं में शीर्ष पर रहीं।
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और राज्य के शिक्षा मंत्री ब्रत्य बसु ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर विद्यार्थियों को बधाई दी।
बनर्जी ने ‘एक्स’ पर पोस्ट कर कहा, ‘‘इस वर्ष माध्यमिक परीक्षा में उत्तीर्ण होने वाले सभी विद्यार्थियों को मेरी तरफ से हार्दिक बधाई। मैं आशा करती हूं कि आप भविष्य में और भी अधिक सफल होंगे।’’
उन्होंने कहा, ‘‘आपके जीवन के इस यादगार दिन पर मैं आपके माता-पिता और शिक्षकों को भी हार्दिक बधाई देती हूं। उनके सहयोग और मार्गदर्शन से ही यह सफलता संभव हो पाई है। जो लोग आज अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाए, उनसे मैं यही कहूंगी कि निराश न हों। प्रयास करते रहें। भविष्य में सफलता अवश्य मिलेगी।’’
बसु ने ‘एक्स’ पर पोस्ट कर कहा, ‘‘आज माध्यमिक परीक्षा 2025 के परिणाम घोषित किए गए जिसमें 86.56 प्रतिशत विद्यार्थी सफल हुए हैं। सफल छात्रों को मेरी हार्दिक बधाई। मुझे उम्मीद है कि आप जीवन के सभी आयामों पर सफल होंगे, बंगाल का नाम रोशन करेंगे और भविष्य में बड़ी उपलब्धियां हासिल करेंगे।’’
अदृत ने संवाददाताओं से कहा कि परीक्षा की तैयारी के लिए उसने प्रतिदिन आठ-नौ घंटे पढ़ाई की।
उसने कहा, ‘‘मेरा जब मन होता था मैं तभी पढ़ाई करता था। मैं दिन में औसतन आठ से नौ घंटे पढ़ाई करता था।’’
अदृत ने कहा कि वह 12वीं कक्षा के बाद मेडिकल की पढ़ाई करना चाहता है।
कक्षा 10 की बोर्ड परीक्षा 10 से 22 फरवरी तक आयोजित की गई थी।
भाषा खारी